चंडीगढ़–मोहाली में चले हुए पटाखों का बारूद इकट्ठा कर जलाते हुए चार बच्चे झुलस गए। उनके चेहरों और हाथों को नुकसान पहुंचा है। हालांकि जान का नुकसान होने से बचाव हो गया। इसके बाद घरवाले उन्हें तुरंत फेज-6 के अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया। अब उनका इलाज जारी है।
घटना के बाद से परिजन दहशत में हैं। परिवार वालों का कहना है कि उन्हें समझ ही नहीं आ रहा था कि आखिर यह हादसा कैसे हो गया। बच्चे भी सहमे हुए हैं। वहीं, दिवाली की रात कुल 23 जलने के मामले अस्पताल पहुंचे है।
जानकारी के अनुसार यह घटना मंगलवार सुबह की है। एक ही परिवार के चार बच्चे चले हुए पटाखों का बारूद इकट्ठा कर उसे जलाने लगे थे। सभी बच्चे एक ही जगह पर खड़े थे। तभी अचानक आग से जोरदार धमाका हुआ और उसमें से निकली लपटों की चपेट में बच्चे आ गए। उनके चेहरे और हाथ बुरी तरह झुलस गए।
बच्चे जोर-जोर से चिल्लाने लगे तो घरवाले बाहर आए और उन्हें तुरंत अस्पताल लेकर पहुंचे। परिवार का कहना है कि बच्चे खेल रहे थे, उन्हें अंदाजा नहीं था कि इस तरह की घटना हो सकती है।


