अमृतसर–अमृतसर के गोल्डन टेंपल में श्री गुरु ग्रंथ साहिब के प्रकाश पर्व पर भव्य सजावट की जा रही है। इस अवसर पर मंदिर को 400 क्विंटल फूलों से सजाया जा रहा है। फूलों में ऑर्किड, लिली, गुलाब, जरबेरा, कमल और गेंदे शामिल हैं।
फूलों की आपूर्ति देश के विभिन्न हिस्सों जैसे दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, केरल, पुणे, उत्तर प्रदेश और हिमाचल प्रदेश से की गई है। साथ ही विदेशों से भी फूल मंगाए गए हैं। इनमें हॉलैंड, इंडोनेशिया, न्यूजीलैंड, मलेशिया, थाईलैंड, सिंगापुर, केन्या और दक्षिण अफ्रीका शामिल हैं।
सजावट के लिए दिल्ली, मुंबई और कोलकाता से 200 कुशल कारीगर पहुंचे हैं। उनकी मदद के लिए करीब 100 श्रद्धालु भी जुटे हैं। कारीगर फूलों से गोले, झूमर और जंजीरें बना रहे हैं। खंडा और एक ओंकार के प्रतीक भी विशेष झालरों के रूप में तैयार किए जा रहे हैं।
एसजीपीसी के सचिव प्रताप सिंह के अनुसार, 24 अगस्त को यह सजावट पूरी होगी। अनुमान है कि इस सजावट पर लगभग 6 करोड़ रुपए खर्च होंगे। यह आयोजन इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि प्रथम ग्रंथी बाबा बुड्ढा जी ने सचखंड श्री हरमंदिर साहिब में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का पहला प्रकाशन किया था। इसका संपादन पांचवें गुरु, श्री गुरु अर्जन देव जी ने श्री रामसर साहिब, अमृतसर में किया था।
कल 24 अगस्त को श्री गुरु ग्रन्थ साहिब जी का पहला प्रकाश उत्सव मनाया जाएगा। जिसमें सुबह 7 बजे से गुरुद्वारा श्री रामसर साहिब से नगर कीर्तन निकाला जाएगा और श्री अकाल तख्त साहिब पर खत्म होगा। इसके बाद जलो सजाए जाएंगे और शाम दीपमाला ओर आतिशबाजी की जाएगी।


