कपूरथला : एस.एस.पी. कपूरथला गौरव तूरा की निगरानी में कपूरथला पुलिस ने फगवाड़ा में अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर चल रहे फर्जी काल सैंटर का पर्दाफाश कर जहां एक बड़े फर्जीवाड़े का खुलासा कर इतिहास के पन्नों पर अपना नाम दर्ज करवा लिया है। वहीं कपूरथला पुलिस की इस शानदार उपलब्धि के बीच जिले में तैनात एक पुलिस अधिकारी की मामले में पकड़े गए कुछ आरोपियों के साथ सांठ गाठ की खबरों ने सीनियर पुलिस अधिकारियों को अलर्ट कर दिया है तथा इस संदिग्ध पुलिस अधिकारी के खिलाफ जांच का दौर तेज कर दिया गया है।
गौरतलब है कि एस.एस.पी. कपूरथला गौरव तूरा के आदेशों पर कपूरथला पुलिस ने फगवाड़ा में चल रहे नकली काल सैंटर का पर्दाफाश कर 38 आरोपियों को भारी संख्या में लैपटाप, मोबाइल फोन तथा लाखों रुपए की नकदी के साथ गिरफ्तार किया है। इस गैंग की गिरफ्तारी से ठग्गी का शिकार हो रहे आम लोगों को भारी राहत मिलने की उम्मीद है।
लेकिन इस सबके बीच जिले में विगत कई वर्षों से तैनात चल रहे एक पुलिस अधिकारी की भूमिका ने कपूरथला पुलिस को हैरान कर दिया है। बताया जाता है कि मामले में पकड़े गए कई आरोपियों के साथ उक्त पुलिस अधिकारी के तार जुड़े होने के सबूत सामने आए हैं तथा कुछ आरोपियों के साथ इस संदिग्ध पुलिस अधिकारी की आपसी काल डिटेल भी सामने आने से सीनियर पुलिस अधिकारियों ने इस पूरे घटना क्रम को गंभीरता से लेते हुए विभागीय जांच का दौर तेज कर दिया है।
बताया जाता है कि छापामारी से कुछ समय पहले भी उक्त पुलिस अधिकारी की गिरफ्तार किए गए कुछ आरोपियों के साथ बातचीत हुई थी। जिसके संबंध में काफी चर्चाओं का बाजार गर्म है। गौर हो कि डी.जी.पी. पंजाब गौरव यादव ने मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के आदेशों पर पूरे पुलिस विभाग में जीरो टालरेंस नीति पर काम करते हुए पंजाब पुलिस में कार्यरत उन बड़ी संख्या में संदिग्ध पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ सख्त विभागीय एक्शन लेने के साथ-साथ कईयों को डिस्मिस तक भी किया है।


