राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रमुख मोहन भागवत ने कहा,पहलग्राम हमले में आतंकियों ने धर्म पूछकर हिंदुओं की हत्या की। हमारी सरकार और सेना ने इसका जवाब दिया। इस घटना से हमें दोस्त और दुश्मन का पता चला।
उन्होंने कहा कि इसके बाद हमें अंतरराष्ट्रीय संबंधों में समझ रखनी होगी। यह घटना हमें सिखा गई कि भले ही हम सभी के दोस्ती का भाव रखते हैं और रखेंगे, लेकिन हमें अपनी सुरक्षा के प्रति और अधिक सजग,समर्थ रहना पड़ेगा।
RSS प्रमुख ने यह बात गुरुवार को नागपुर में विजयादशमी पर संगठन के शताब्दी समारोह में कही। उन्होंने 41 मिनट के भाषण में समाज में आ रहे बदलाव,सरकारों का रवैया, लोगों में बैचेनी,पड़ौसी देशों में उथल-पुथल का जिक्र किया।
इससे पहले भागवत ने सबसे पहले RSS के संस्थापक डॉ हेडगेवार को श्रद्धांजलि दी। इसके बाद मोहन भागवत ने शस्त्र पूजन किया। मुख्य अतिथि पूर्व राष्ट्रपति डॉ. रामनाथ कोविंद ने भी भाषण दिया।


