देशभर में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है और राजस्थान व गुजरात के कुछ हिस्सों को छोड़कर लगभग पूरे देश में इसकी दस्तक हो चुकी है। हालांकि, गुजरात में मानसून के पूरी तरह सक्रिय होने से पहले ही कई इलाकों में भारी बारिश के कारण बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं।
गुजरात के जूनागढ़ जिले के मेंडरडा क्षेत्र के समधियाला गांव के पास बाढ़ के पानी में चार वाहन फंस गए, जहां राहत एवं बचाव दल ने 19 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला।
महाराष्ट्र के भिवंडी में लगातार बारिश के कारण बाजारों में करीब तीन फीट तक पानी भर गया। कई दुकानों को बंद करना पड़ा, जबकि लोग कमर तक पानी में होकर सड़क पार करने को मजबूर दिखे। वहीं मुंबई मेट्रो लाइन-2ए (दहिसर ईस्ट-अंधेरी वेस्ट) पर तकनीकी खराबी आने से करीब डेढ़ घंटे तक ट्रेन सेवाएं प्रभावित रहीं, जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
राजस्थान की राजधानी जयपुर में तेज बारिश के चलते सवाई मानसिंह अस्पताल के माइनर ऑपरेशन थिएटर में पानी भर गया। इसके बाद मरीजों को सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित किया गया।
मध्य प्रदेश में भोपाल, इंदौर समेत 26 से अधिक जिलों में शुक्रवार को तेज बारिश दर्ज की गई। उज्जैन में पुलिया पार करने की कोशिश कर रहा एक युवक मोटरसाइकिल सहित तेज बहाव में बह गया।
उत्तर प्रदेश के करीब 20 जिलों में बारिश का असर देखने को मिला। कानपुर के जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज परिसर में जलभराव हो गया, जहां कई कारें और दोपहिया वाहन आधे तक पानी में डूब गए।
जम्मू-कश्मीर में लगातार बारिश के कारण भूस्खलन हुआ, जिसके चलते रामनगर-उधमपुर मार्ग को एहतियातन बंद कर दिया गया।
उधर, भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने ओडिशा के पुरी जिले के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। आज और कल भारी बारिश की संभावना जताई गई है। बंगाल की खाड़ी और ओडिशा-पश्चिम बंगाल तट के पास बने कम दबाव के क्षेत्र के कारण मौसम और अधिक सक्रिय रहने का अनुमान है।


