पंजाब–पंजाब में किसानों ने आज रेलवे ट्रैक जाम करने का ऐलान किया था। लेकिन पंजाब पुलिस ने इसके ऐलान का पता चलते ही शुक्रवार तड़के ही किसान नेताओं के घर पहुंच गई और कई नेताओं को हिरासत में ले लिया गया। किसान नेता दिलबाग सिंह, मक्खन सिंह और सुखदेव मगली जैसे नेताओं को घर में ही नजरबंद कर दिया गया है।
किसानों की तरफ से लुधियाना, जालंधर और अमृतसर समेत 19 जिलों में 26 जगहों पर रेलवे ट्रैक पर धरना देने की बात की गई थी। लुधियाना में जहां पुलिस ने किसानों को रेलवे ट्रैक तक भी जाने नहीं दिया तो वहीं जालंधर में किसानों को डिटेन भी किया गया।
इसको लेकर भारतीय किसान मजदूर यूनियन के प्रधान दिलबाग सिंह ने कहा- पुलिस ने रात से ही रेड शुरू कर दी। उन्होंने कहा कि भगवंत मान मोदी सरकार का दूसरा चेहरा है। बिजली बोर्ड को प्राइवेट किया जा रहा है और सरकारी जमीनें निजी हाथ में चले जाएंगी। गरीब लोगों को बिजली नहीं मिलेगी। 90 फीसदी गरीबों की बिजली बंद हो जाएगी। प्रदर्शनकारी किसान बिजली संशोधन बिल वापस लेने की मांग कर रहे हैं।
फिरोजपुर मंडल के सीनियर DCM परमदीप सिंह सैनी ने बताया कि ट्रेनों के टाइम टेबल पर पूरी नजर रखी जा रही है। किसानों के प्रदर्शन से प्रभावित होने वाली ट्रेनों की लिस्ट थोड़ी देर में जारी कर दी जाएगी।


