दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर उड़ानों में आई अचानक गड़बड़ी की उच्च स्तरीय जांच कराई जा रही है। जांच में ये भी देखा जा रहा है कि कहीं इसमें बाहरी ताकत या साइबर हमले का हाथ तो नहीं था।
सूत्रों के अनुसार केंद्र सरकार ने शुक्रवार शाम को ही राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) कार्यालय में उच्च स्तरीय बैठक बुला ली थी। इसमें एयरपोर्ट, सुरक्षा एजेंसियों समेत अन्य सभी स्टेक होल्डरों को तलब किया गया था।
बैठक में फ्लाइट प्लान सिस्टम में अचानक आई खराबी की जांच के आदेश भी दिए गए हैं। इसमें यह पता लगाया जा रहा है कि क्या सिस्टम की खराबी किसी बाहरी दखल या तोड़फोड़ की वजह से हुई थी? साथ ही, साइबर हमले की संभावना की भी जांच की जा रही है।
एटीसी (एयर ट्रैफिक कंट्रोल) के सूत्रों ने बताया कि ऑटोमैटेड सिस्टम लागू होने के बाद से इतनी देर तक खराबी रहने की यह अभूतपूर्व घटना है। लगभग 24 घंटे तक दिल्ली एयरपोर्ट पर उड़ानों का संचालन बाधित रहा। ऑटोमैटिक मैसेज स्विचिंग सिस्टम (AMSS) में गड़बड़ी इस बात का साफ संदेह है कि ये बड़ा कोऑर्डिनेटेड साइबर अटैक हो सकता है। एक टर्मिनल से शुरू हुई इस समस्या से पूरा सिस्टम हैंग हो गया था।


