Friday, August 29, 2025
Friday, August 29, 2025

पंजाब सरकार द्वारा 1.25 लाख हेक्टेयर रकबे को कपास की खेती के अंतर्गत लाने का लक्ष्य: गुरमीत सिंह खुड्डियां

Date:

चंडीगढ़, 6 मई

राज्य में कपास की खेती को प्रोत्साहन देने के लिए अहम कदम उठाते हुए पंजाब के कृषि और किसान कल्याण मंत्री स. गुरमीत सिंह खुड्डियां ने मालवा क्षेत्र के आठ जिलों के मुख्य कृषि अधिकारियों को किसानों को कपास की आधुनिक तकनीकों के बारे में प्रशिक्षण और मार्गदर्शन देने के आदेश दिए हैं। इसके साथ ही उन्होंने कीटों की रोकथाम संबंधी उपायों की सख्ती से पालना और निगरानी सुनिश्चित करने को कहा है।

स. खुड्डियां ने कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के प्रशासनिक सचिव डॉ. बसंत गर्ग के साथ मालवा क्षेत्र के आठ जिलों, फाजिल्का, श्री मुक्तसर साहिब, बठिंडा, मानसा, बरनाला, संगरूर, मोगा और फरीदकोट शामिल हैं, में कपास की खेती की ब्लॉक-वार प्रगति की समीक्षा की।

मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार की ‘सफेद सोना’ यानी कपास के प्रमुख उत्पादक के रूप में पंजाब की स्थिति को मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराते हुए कृषि मंत्री ने बताया कि राज्य ने इस सीजन में 1.25 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में कपास की खेती करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।

स. गुरमीत सिंह खुड्डियां ने कहा कि मुख्यमंत्री स. मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार ने कपास उत्पादकों के लिए लागत खर्चे को कम करने हेतु पंजाब कृषि विश्वविद्यालय (पीएयू) लुधियाना द्वारा सिफारिश किये कपास के बीटी हाइब्रिड बीजों पर 33 प्रतिशत सब्सिडी की घोषणा की है, ताकि कपास उत्पादकों को गैर मानक हाइब्रिड बीजों की जगह उच्च उपज वाले और कीटरोधी हाइब्रिड बीजों के चयन हेतु उत्साहित किया जा सके। उल्लेखनीय है कि पीएयू ने राज्य के खेतीबाड़ी-मौसमी हालात में बेहतर पैदावार के मकसद से तैयार की गई अधिक उपज वाली और कीटरोधी 87 हाइब्रिड बीज किस्मों की सिफारिश की है।

गुलाबी सुंडी के हमले से बचाव के लिए स. खुड्डियां ने पिछले सीजन की कपास की कटाई के बाद खेतों में बची फसल के अवशेष, जो गुलाबी सुंडी के प्रजनन स्थल बनते हैं, के प्रबंधन और खेतों की सफाई की स्थिति का भी जायज़ा लिया। उन्होंने बताया कि सफेद मक्खी के प्रबंधन के लिए कपास पट्टी में नदीनों के खात्मे की मुहिम भी शुरू की गई है। यह मुहिम ज़िला प्रशासन, अन्य विभागों और मनरेगा के सहयोग से सड़कों, नहरों और खाली पड़ी जगहों पर उपजे नदीनों को नष्ट करने के लिए चलाया जा रहा है।

स. खुड्डियां ने मुख्य कृषि अधिकारियों को कहा कि वे रुई मिलों में गुलाबी सुंडी की निगरानी और मिलों में गुलाबी सुंडी के लारवे की रोकथाम के लिये कपास के स्टॉक पर कीटनाशक का छिड़काव को सुनिश्चित करें।

डॉ. बसंत गर्ग ने कृषि मंत्री को बताया कि मई महीने में 961 किसान जागरूकता कैंप लगाकर आउटरीच मुहिम चलाई जाएगी, जिसमें किसानों को अधिक पानी की खपत वाली धान की फसल के स्थान पर कपास की खेती के लिए जागरूक और प्रेरित किया जाएगा। उन्होंने कृषि विभाग के अधिकारियों को मानक बीजों और खादों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा बीज और खाद स्टोरों की नियमित जांच के निर्देश भी दिए। इस सरगरम पहुँच का उद्देश्य किसानों को संभावी तौर पर नुकसानदेह या घटिया मानक के बीजों की खरीद से बचाना है।

कृषि निदेशक जसवंत सिंह ने कहा कि विभाग किसानों को कपास की खेती संबंधी बेहतर अभ्यास और आधुनिक तकनीकों की जानकारी देने के लिए 1,875 हेक्टेयर रकबे में योग्य कृषि अभ्यासों को प्रदर्शित करेगा। उचित तालमेल और नीतियों को सही ढंग से लागू करने को यकीनी बनाने के लिए एक संयुक्त निदेशक स्तर के अधिकारी को कपास की कृषि संबंधी नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

चंडीगढ़ में सुखना लेक के फ्लड गेट खोले

चंडीगढ़ के सुखना लेक का जलस्तर खतरे के निशान...

7 जिलों में बाढ़, हुसैनीवाला बॉर्डर डूबा:बरनाला में छत गिरी

पंजाब के 7 जिले, पठानकोट, गुरदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, फाजिल्का,...

बेंगलुरु में दहेज से परेशान प्रेग्नेंट इंजीनियर ने खुदकुशी की:परिवार बोला- 150g सोना दिया,

बेंगलुरु के सुड्डागुंटेपल्या में 27 साल की सॉफ्टवेयर इंजीनियर...

हिमाचल के चंबा में लैंडस्लाइड, 11 मौतें

हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले के भरमौर में भारी...